7 व्यवसाय जो महामारी में भी तर कर निकले

क्या आपको लगता है कि कोरोनावायरस ने अपनी विनाशकारी शक्ति से हर व्यवसाय को डूबा दिया है? यहाँ बताया गया है कि क्यों यह गलत हो सकता है

7 व्यवसाय जो महामारी में भी तर कर निकले

अच्छी तरह से विचारशील और लंबे समय से स्थापित व्यापार मॉडल एक बड़े सदमे के लिए तैयार हो गए थे क्योंकि महामारी से स्थिति खराब हो चुकी थी। हालांकि, परिचालन को बनाये रखने के लिए हो रही हाथापाई के बीच, विभिन्न प्रकार की जरूरतों को पूरा करने वाले चंद ऑनलाइन कारोबार लॉकडाउन प्रूफ बन गए। इनमें से कुछ प्लेटफ़ॉर्म ने उन ज़रूरतों को पूरा किया जो अन्य व्यवसायों के चलते रहने के लिए आवश्यक थीं, जबकि अन्य ने बस एक जगह दी, जिससे उपयोगकर्ताओं को कुछ नया करने की कोशिश करने का अवसर मिला।

यहां पर शीर्ष सात की हमारी सूची है जिसने एक अलग स्तर पर कोविड-19 से जंग लड़ी:

1. वीडियोकांफ्रेंसिंग प्लेटफार्म

हालांकि इस डिजिटल युग में वीडियोकांफ्रेंसिंग और सहयोगी टूल नए नहीं हैं, परन्तु जिस पैमाने पर विभिन्न प्लेटफार्मों का स्वागत किया गया, इसने निश्चित रूप से हर किसी को- प्लेटफार्मों सहित- आश्चर्यचकित किया है ! स्कूलों, कॉलेजों, कार्यालयों, व्यक्तिगत कोचिंग, वेबिनार, और स्नातक समारोहों के लाइवस्ट्रीमिंग से, उपयोग के मामले रचनात्मक और उपयोगितावादी बन गए।

2. लोकल डिलीवरी ऐप

लोकल डिलीवरी ऐप ने इस संकट के दौरान एक अलग भूमिका निभाई, समुदायों की सेवा करना और खुदरा दुकानों से दूर के समुदायों को दवाएं, पालतू जानवरो के भोजन और किराने का सामान वितरित करना। सख्त लॉकडाउन उपायों के साथ, स्थानीय डिलीवरी ने इस गड्ढे को भरने के काम किया और खरीदारी का एक नया अनुभव स्थापित किया।

3. ट्यूटर

कई प्रतिभागियों के लिए एक-एक विषयों या सत्रों में कोचिंग की पेशकश करने वाले शिक्षक काफी मांग में थे। कई कर्मचारी जो कुछ नया सीखने (या एक नया कौशल सीखने ) की इच्छा रखते थे, उन्हें घर से काम करने और एक नए कौशल में महारत हासिल करने के लिए समय और स्वतंत्रता मिली - कोडिंग, छवि संपादन, भाषा, फोटोग्राफी, आदि हेतु ।

4. फिटनेस प्रशिक्षक

लॉक-डाउन के कारण घर पर रहकर किये जाने वाले फिटनेस कार्यक्रमों की मांग में वृद्धि हुई। जिम बंद होने के साथ, होम वर्कआउट और घर पर प्रशिक्षण ही एकमात्र विकल्प थे। व्यक्तियों ने अपना अतिरिक्त खाली समय अच्छे उपयोग के लिए दिया , परफॉरमेंस और सेहत सुधार में मदद करने वाले ऐप्स के माध्यम से प्रशिक्षकों के मार्गदर्शन में वर्क-आउट किया गया ।

5. वीडियो कंटेंट प्रदाताओं की स्ट्रीमिंग

स्ट्रीमिंग वीडियो कंटेंट प्रदाताओं ने अब तक के अनदेखी स्तर पर ग्राहकों की वृद्धि देखी।सभी लोगो के घर पर रहने के साथ, कंटेंट प्रोवाइडर्स ने परिवारों की जरूरतों को पूरा करने के लिए नेटवर्क और बैंडविड्थ को बढ़ाया, जो दिनभर लगातार बोरियत से लड़ने के लिए टी.वी. देखते थे। ओटीटी मीडिया सेवाओं में कभी भी इतना उछाल नहीं आया था।

6. स्थानीय किराना दुकानें

लॉकडाउन के दौरान पड़ोस के दुकानों मेंजाना ही एकमात्र विकल्प था क्योंकि बड़े डिपार्टमेंटल स्टोर्स को संचालित करने की अनुमति नहीं थी। स्व-चलित दुकानों ने तेज कारोबार किया, जो ग्राहकों को आसानी से संभालने में सक्षम होने के अतिरिक्त चरम समय के दौरान देखी गई भीड़भाड़ को समाप्त करने में भी समर्थ हुए। और क्या चाहिए , बड़ी संख्या में ग्राहकों की थोक खरीद करने से , स्थानीय किराने की दुकानों ने निश्चित रूप से बड़ा अच्छा कारोबार किया।

7. एडटेक / लर्निंग ऐप्स

प्रशिक्षक के नेतृत्व वाले कक्षा सत्रों में स्मार्टबोर्ड और उन्नत उपकरणों ने एडटेक प्लेटफार्मों या लर्निंग एप्लिकेशन को नया रास्ता दिखाया जो ऑनलाइन शिक्षण के लिए नयी प्रणाली बन गए। स्कूल जाने वाले बच्चे इस बदलाव के साथ जल्दी ही अनुकूलित हो गए, वीडियो और इमेज के अतिरिक्त तत्व का आनंद लेते हुए,उनके लिए कक्षाएं अब अधिक आकर्षक और मजेदार बन गई है।

आखरी पंक्तियाँ

जिस गति से महामारी ने सब चीज़ों को रोका था,वह सामान्य गतिविधियों के लिए अभूतपूर्व थी, लेकिन कई व्यवसायों और प्लेटफार्मों ने काम को चालू रखने के नए तरीके पाए। डिजिटल युग ने फंसे हुए लोगों के बचाव में सहायता की , जिसमें तेजी से सुधार हुए और लॉकडाउन से कुछ राहत मिली। जबकि अधिकांश व्यवसायों को लॉकडाउन हटने के दिनों की बस गिनती करनी थी और तब तक इंतजार करना पड़ा, परन्तु कुछ अन्य लोगों ने पाया कि लॉकडाउन ने एक रेडी-मेड व्यापार अवसर की पेशकश की।




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