लॉकडाउन के एक बार ख़त्म हो जाने पर पैसे से सम्बंधित इन 5 गलतियों से बचें

यदि आप अच्छे वित्तीय स्वास्थ्य की इच्छा रखते हैं, तो महामारी समाप्त होने के बाद आपको अपने धन के साथ और अधिक रणनीतिक होने की आवश्यकता होगी।

लॉकडाउन के एक बार ख़त्म हो जाने पर पैसे से सम्बंधित इन 5 गलतियों से बचें

भले ही आपका पैसे के प्रति कैसा ही नजरिया रहा हो,फिर भी कोरोनावायरस लॉकडाउन के दौरान आपके पैसे के प्रति व्यवहार काफी बदल गया होगा। विवेकाधीन खर्च जैसे कि बाहर खाना, खरीदारी, यात्रा, आदि लगभग घटकर 'ना' के बराबर हो गए हैं, जबकि आपके किराने के खर्च और बिजली के बिल में बढ़ोतरी हुई होगी।

एक बार जब लॉकडाउन खत्म हो जाएगा , तो आप अपनी विशिष्ट धन सम्बंधित आदतों को फिर से शुरू करना चाह सकते हैं। यह एक सामान्य परिदृश्य में ठीक लग सकता है लेकिन एक महामारी के बाद की दुनिया में जब आर्थिक संकट मंडरा रहा हो , यह बहुत विवेकपूर्ण नहीं होगा। वैकल्पिक रूप से, आप खरीदारी और बाहरी मनोरंजन जैसी चीजों में कमी करके भरपाई कर सकते हैं और अपने विवेकाधीन खर्च को बढ़ा सकते हैं - शायद यात्रा पर जाने के लिए ऋण ले सकते हैं या अपने घर को फिर से बनाने के लिए अपने आपातकालीन फंड का उपयोग कर सकते हैं ।

इस तरह की चाल बहुत विवेकपूर्ण नहीं होगी। वास्तव में, कुछ पैसे सम्बंधित गलतियाँ हैं जिन्हें लॉकडाउन खत्म होने के बाद और फिर से सामान्य जीवन शुरू होने पर आपको छोड़ देनी चाहिए । आइए देखते हैं कि ये सब क्या होना चाहिए।

1. बिना सोचे-समझे खर्च करना

इस बात पर कोई दो-मत नहीं है कि लॉकडाउन ने सभी के दैनिक जीवन को बाधित कर दिया है - 'हम कैसे काम करते हैं' से लेकर हम कैसे व्यायाम करते हैं। महीनों तक मूवी थिएटर, मॉल, रेस्तरां आदि में नहीं जाने के बाद, इन चीजों को करने की इच्छा होना सामान्य है । लेकिन याद रखें कि इस तरह के चीज़ों पर अपने पैसे को बेकार में खर्च न करें। इसके बजाय, लॉकडाउन के दौरान आपके द्वारा बचाए गए सभी पैसे का उपयोग आपके आपातकालीन फंड, ऋण चुकाने, या निवेश करने की दिशा में बुद्धिमानी से किया जाना चाहिए।

2. नए ऋण लेना

महामारी के फैलने से पहले से ही एक आर्थिक संकट मंडरा रहा था, लेकिन अब यह अपरिहार्य हो गया है। लोग अपनी नौकरी खो रहे हैं और वेतन कटौती को झेल रहे हैं; इस बिंदु पर रोज़गार की कोई सुरक्षा नहीं है। ऐसे परिदृश्य में, नया ऋण लेना - चाहे वह गृह ऋण की तरह अच्छा ऋण हो या यात्रा के लिए व्यक्तिगत ऋण की तरह बुरा ऋण - मददगार नहीं होगा ।

3. यात्रा के लिए बुकिंग करना

कुछ एयरलाइंस ने अग्रिम बुकिंग लेना शुरू कर दिया है, और जल्द ही होटल भी ऐसा करना शुरू कर सकते हैं। आपको अभी जीवन में बहुत घूमने की इच्छा हो सकती है, लेकिन इस समय आपको यात्रा के लिए अग्रिम बुकिंग नहीं करनी चाहिए। इस बात की कोई निश्चितता नहीं है कि चीजें कब सामान्य हो जाएंगी, या यदि अंतर्राष्ट्रीय यात्रा कभी वापस चालू होंगी, तो यह क्या पहले जैसे हो पाएगी । कुछ समय यात्रा की योजना नहीं बनाते हुए इंतज़ार करना ही सबसे सही होगा।

4.ईएमआई का दुरुपयोग करना

ऋण और ईएमआई के लिए कुछ छूट नीतियां हैं, जैसे कि ऋण चुकौती स्थगन। बैंक और ऋण के आधार पर, महामारी के दौरान थोड़ी राहत पाने के लिए आप अपने ईएमआई भुगतान में देरी कर सकते हैं,ऋण की अवधि बढ़ा सकते हैं,आदि। यदि आपको वास्तव में इसकी आवश्यकता है, तो यह आपके लिए बहुतमददगार हो सकता है, लेकिन यदि आप अपने ईएमआई, क्रेडिट कार्ड बिल आदि का भुगतान समय पर कर सकते हैं, जैसा कि आप सामान्य रूप से पहले करते आये हैं, तो आपको वैसे ही आगे भी करना चाहिए। ऐसा इसलिए क्योंकि इनमें से अधिकांश विकल्प केवल आपके वित्तीय बोझ को कम करने के लिए हैं; वे बाद में बोझ बन भी सकते हैं।

5. एक ही बजट पे डटे रहना

दुनिया की स्थिति और आपके वित्त की स्थिति वैसी नहीं है जैसे कि वे महामारी से पहले हुआ करती थी । इसलिए, लॉकडाउन के बाद आपका बजट समान नहीं हो सकता है। आपको बैठ कर चर्चा करने की जरूरत है - या तो अपने आप से या अपने साथी या वित्तीय सलाहकार के साथ - और अपने पैसे सम्बंधित लक्ष्यों को पूरा करने के लिए एक नए रणनीतिक दृष्टिकोण को ढूंढ़ना होगा । सुनिश्चित करें कि आप विवेकाधीन खर्चों को कम करें और अपने आपातकालीन कोष को मजबूत बनाते हैं।

आखरी शब्द

कोरोनावायरस महामारी के बाद, अपने वित्तीय स्वास्थ्य की अतिरिक्त देखभाल करना इस समय की आवश्यकता बन जाएगी। आपने अपनी वित्तीय रणनीति में कुछ बदलावों के बारे में पहले ही सोच लिया होगा, जिसे आप करना चाहते हैं - चाहे वह लिक्विड फंड में अधिक निवेश करना हो या अपने वेतन पर कम निर्भर रहना और आय के स्रोतों में विविधता लाना। समय सही होने पर इन्हें लागू करें और आर्थिक रूप से भी सुरक्षित रहें।