महामारी के दौरान प्रोमोशन पाने के 8 सुझाव

अपने उचित प्रोमोशन के बारे में बातचीत करने के लिए तैयार हो जाएं और उस मूल्य को रेखांकित करें जिसे आप संगठन की नजर में लाना चाहते हैं।

महामारी के दौरान प्रोमोशन पाने के 8 सुझाव

नौकरी पाने के लिए शुक्रगुजार बनें।” 

“अभी प्रोमोशन के लिए कहना आपके करियर प्लान के लिए नुकसानदेह हो जाएगा।” 

“विषय पर आने से पहले आप जरा प्रतीक्षा क्यों नहीं करते?”

सुना-सुना लगता है?

बहुत से लोग आपको सलाह दे सकते हैं कि इन कठिन समय के दौरान आपको प्रोमोशन के लिए नहीं कहना चाहिए। भले ही यह तनावपूर्ण या भयभीत करने वाला लग सकता है, पर यदि आपको लगता है कि आप पिछले वर्ष एक परिसंपत्ति के रूप में साबित हुए हैं, तो आपको अपने बॉस के साथ बातचीत करनी चाहिए। हालांकि, यह जरूरी है कि आप इस परिस्थिति को तार्किक रूप से रखें और समानुभूति प्रकट करें। इसलिए, आइए देखते हैं कि आप अपने ग्रोथ प्लान कैसे आगे बढ़ाएंगे और कैसे महामारी के दौरान प्रोमोशन की बात करेंगे।

1. बाजार की परिस्थितियों का अध्ययन करें: प्रोमोशन के बारे में कहने से पहले, अपना होमवर्क कर लें। आपके क्षेत्र में क्या हो रहा है, उसकी जानकारी लें। क्या यह महामारी से काफी बुरी तरह से प्रभावित हुआ है? उदाहरण के लिए, ट्रैवेल और टूरिज्म उद्योग ने पिछले वर्ष ने काफी खराब कारोबार देखा है। हालांकि, दूर से काम करने की इस संस्कृति में आइटी उद्योग एक जीवन-रेखा साबित हुआ, इसलिए यदि आप टेकी हैं, तो यह बातचीत करना अच्छा होगा। जानकारी लें कि आपके प्रतियोगी अप्रैजल्स कर रहे हैं या नहीं। इसके बाद, यह जानकारी लें कि आपकी कंपनी कैसा प्रदर्शन कर रही है। यह छानबीन आपको प्रोमोशन के बारे में पूछने के तरीके और उसके समय का निर्धारण करने में मदद कर सकती है। 

2. सही टाइमिंग देखें: आपके आस-पास और आपके संगठन में क्या हो रहा है उस पर ध्यान दें। यदि मंदी के कारण लोगों को निकाला जा रहा है, तो वेतन वृद्धि या प्रोमोशन करने के लिए कहने का यह सही समय नहीं हो सकता है। आप असंवेदनशील के रूप में न देखे जाएं। यदि यह वर्ष का वह समय है जब सामान्यतः आपकी कंपनी अप्रैजल करती है और कंपनी का व्यवसाय अच्छा चल रहा है, तो आगे बढ़ें और उन्हें अवगत कराएं कि आप प्रोमोशन की उम्मीद करते हैं। 

3. अपने लक्ष्यों को लेकर स्पष्ट रहें: कई बार, हम मान लेते हैं कि लोगों को पता है कि हम कितनी मेहनत कर रहे हैं या हम कितने महत्वपूर्ण हैं। पर वास्तविकता में ऐसा नहीं भी हो सकता है। आपको यह सुनिश्चित करना होगा कि आपका काम दिखाई पड़े और आप अपने विजन और लक्ष्यों को लेकर मुखर रहें। अपने नियोक्ता को बताएं कि आप कितने जुनूनी हैं, आप क्या ऑफ़र कर सकते हैं और कंपनी कैसे लाभ हासिल कर सकती है। बेशक, यह तनावपूर्ण हो सकता है, पर अपनी चिंता जाहिर न करें, बल्कि अपने बेहतर को सामने लाएं। आत्मविश्वास लाएं; इंडस्ट्री के अपने अन्य महत्वपूर्ण लोगों या दोस्त के साथ अप्रैजल मीटिंग का अभ्यास करें और विभिन्न परिदृश्यों के लिए जवाबों/समाधानों पर विचार करें।

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4. चर्चा करें कि कैसे आपकी भूमिका बदल गई है: महामारी ने काम करने के हमारे तरीके को बदल दिया है। क्या दूर से काम करने के तरीके ने आपको नई जिम्मेदारियां दी हैं? क्या आप नियमित रूप से अतिरिक्त घंटे काम करते हैं? क्या आप अपने टीम सदस्यों के साथ वीडियो कॉल में काफी समय व्यतीत कर रहे हैं? क्या आपकी नौकरी महामारी के कारण अतिरिक्त जोखिम पर है? अपनी बातचीत में इन कारकों को रेखांकित करें और आप क्यों वेतन वृद्धि का हक रखते हैं इसके लिए आप एक मजबूत स्थिति बना सकते हैं। 

5. उन नए कौशलों पर चर्चा करें जो आप सामने ला सकते हैं: यदि आप लॉकडाउन के दौरान नए कौशलों को सीखा है और आपके पास दिखाने के लिए सर्टिफिकेट है, तो यह आपको काफी फायदा दे सकता है। उदाहरण के लिए, यदि आप आइटी प्रॉफेशनल हैं और आपने नया सिक्योरिटी/कम्प्लायंस सर्टिफिकेशन हासिल किया है, तो इसे अपने बॉस और एचआर के ध्यान में लाएं। उन्हें बताएं कि कैसे आपके नए कौशल से कंपनी को फायदा मिल सकता है। याद रखें, आपकी अप्रैजल की बातचीत आप कंपनी के लिए क्या कर सकते हैं उसके ऊपर टिकी होनी चाहिए, न कि व्यक्तिगत कारणों के ऊपर जो बताए कि आपको वेतन वृद्धि की आवश्यकता है। 

6. अपनी चिंताओं को लेकर पारदर्शक बनें: यह हर किसी के लिए कठिन दौर है। इसलिए, यदि आपकी कोई चिंता हो, तो आपको उन्हें एक स्पष्ट तरीके से उठाना चाहिए। उदाहरण के लिए, यदि आपकी नौकरी आपकी निजी जिंदगी की राह में आड़े आ रही है या यदि आप ज्यादा समय तक घर पर रुकने से मानसिक स्वास्थ्य का सामना कर रहे हैं या आपको लगता है कि आपका करियर विकास ठहर गया है, तो नोट बनाएं और इन मुद्दों को अपने बॉस के साथ मीटिंग में क्रमबद्ध तरीके से सामने लाएं। 

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7. अपने प्रोमोशन के लिए एक समय-सीमा पूछें: बोर्ड की सभी कंपनियां अपने ग्रोथ प्लान को रोक कर रही हैं, जिसका अर्थ है कि आपके करियर विकास में देरी हो सकती है। इस विषय को उठाने का सबसे अच्छा तरीका है अपने प्रोमोशन के लिए समय-सीमा पूछना। आपके करियर की दिशा कैसी रहेगी इसे लेकर अपने बॉस से बात करें। यदि आपको एक स्पष्ट उत्तर मिल जाता है, तो इस बात का जिक्र करें कि कंपनी ने कुछ महीनों के लिए अप्रैजल को आगे बढ़ा दिया है और आप सहयोगी बनें। उन्हें धन्यवाद दें, धीरज रखें और अपनी बारी आने का इंतजार करें।

8. एक फ़ॉलो-अप तिथि तय करें: इस बात की काफी संभावना है कि आय में कमी के कारण आपका बॉस आपके अनुरोध को एकदम से मना कर दे। भले ही इसका अर्थ है कि आपकी वेतन वृद्धि नहीं हो सकती है या तुरंत प्रोमोशन नहीं हो सकता है, इसका यह अर्थ नहीं है कि वह बातचीत वहीं खत्म हो जानी चाहिए। उन्हें बताएं कि आप स्थिति को समझते हैं और पूछें कि आप कर इस पर फिर से बात कर सकते हैं। इससे आप समानुभूति विचार वाले माने जाएंगे, न कि किसी ऐसे व्यक्ति के रूप में जो केवल अपनी बेहतरी को लेकर चिंतित है। साथ ही, आप ग्राउंडवर्क करने और इन सारी कवायद को शुरु से करने की बजाए अपनी अगली मीटिंग में फिर बात कर सकते हैं। 

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काफी सारे कर्मचारी इस कठिन दौर में अपनी कंपनियों की मदद के लिए तयशुदा ड्यूटी से कहीं आगे बढ़कर ज्यादा काम कर रहे हैं। यदि आपको पूरी तरह से लगता है कि आप उनमें से एक हैं, तो इन सुझावों का पालन करें और अपने बॉस से बात करें। आत्मविश्वास लाएं, संवेदनशील दिखें और अपना दिमाग खुला रखें। इन कहानियों को पढ़ें 10 युवा भारतीय जिन्होंने हमारे लिए करियर लक्ष्यों को पुनर्परिभाषित किया

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